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आठ साल बाद AMU में छात्रसंघ चुनाव का उफान:कैंपस पोस्टर-बैनरों से पटा, बिहार लॉबी के चार दावेदारों में खींचतान
आठ साल का इंतजार खत्म हुआ तो अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) का कैंपस एक बार फिर छात्रसंघ चुनाव के रंग में रंग गया। चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद से चल रही सरगर्मी अब पूरे उरूज पर है। शुक्रवार को प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी होते ही शनिवार को पूरा कैंपस पोस्टर, पंपलेट, हाथ से बने बैनर और झंडियों से पट गया। सड़कें, पेड़, बिजली के पोल और हॉल-हॉस्टलों के आसपास हर तरफ प्रत्याशियों के नाम और समर्थन में प्रचार दिखाई दिया। कहीं पैदल मार्च निकल रहा है तो कहीं बाइक रैलियां और छात्र-छात्राओं की टोलियां मतदाताओं को साधने में जुटी हैं। इस चुनाव में सिर्फ प्रत्याशियों के बीच मुकाबला नहीं है, बल्कि क्षेत्रीय लॉबियों और छात्र खेमों की गोलबंदी भी खुलकर सामने आने लगी है। अध्यक्ष पद पर बिहार लॉबी के चार दावेदारों की मौजूदगी ने इसी लॉबी के भीतर समर्थन के बंटवारे की चुनौती खड़ी कर दी है। पश्चिमी यूपी, पूर्वी यूपी और कश्मीर के दावेदार भी अपने-अपने समर्थकों को लामबंद कर रहे हैं। सीनियर छात्रों की सक्रियता बढ़ गई है। रात दो-दो बजे तक बैठकों का दौर चल रहा है। किस लॉबी का समर्थन किस प्रत्याशी के साथ जाएगा और अंतिम समय में कौन किसके साथ गठजोड़ करेगा, इसे लेकर कैंपस में चर्चाओं का बाजार गर्म है। इंतिखाब के समर्थन में निकला पैदल मार्च, पूरे कैंपस में शक्ति प्रदर्शन शनिवार को अध्यक्ष पद के दावेदार मोहम्मद इंतिखाब के समर्थन में एसएस नॉर्थ हॉल से निकला पैदल मार्च चुनावी सरगर्मी का बड़ा केंद्र रहा। इसमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। समर्थकों की टोली पूरे कैंपस में पैदल घूमी और अपने प्रत्याशी के समर्थन में प्रचार किया। इसके अलावा दूसरे अध्यक्ष पद के दावेदारों के समर्थक भी अलग-अलग हॉल और हॉस्टलों में छोटी-छोटी टोलियों में प्रचार करते नजर आए। उपाध्यक्ष, मानद सचिव, कैबिनेट सदस्य और यूनिवर्सिटी कोर्ट के प्रत्याशियों ने भी प्रचार अभियान तेज कर दिया है। अलग-अलग संकायों में समूह बनाकर मतदाताओं से संपर्क किया जा रहा है। महिला कॉलेज में भी चुनावी माहौल पूरी तरह गर्म है। यहां प्रत्याशियों की टीमें छात्राओं के बीच पहुंचकर समर्थन मांग रही हैं। बिहार लॉबी में चार दावेदार, अपने ही खेमे में समर्थन के लिए मुकाबला अध्यक्ष पद के चुनाव में इस बार सबसे ज्यादा चर्चा बिहार लॉबी की है। इस लॉबी से चार दावेदार मैदान में हैं। ऐसे में बिहार लॉबी का वोट और समर्थन एक प्रत्याशी के पीछे एकजुट होगा या अलग-अलग खेमों में बंटेगा, यह चुनावी समीकरण का अहम सवाल बन गया है। एक तरफ बिहार लॉबी के दावेदार अपने समर्थकों को एकजुट रखने में लगे हैं तो दूसरी तरफ पश्चिमी यूपी, पूर्वी यूपी और कश्मीर की लॉबियां भी अपनी ताकत और संपर्कों के आधार पर समर्थन जुटा रही हैं। किसी एक क्षेत्रीय खेमे का समर्थन दूसरे प्रत्याशी के पक्ष में जाने की संभावनाओं पर भी चर्चा हो रही है। यही वजह है कि प्रत्याशियों के साथ उनके समर्थक ही नहीं, बल्कि वरिष्ठ छात्र भी सक्रिय हो गए हैं। रात में अलग-अलग हॉल और हॉस्टलों में बैठकों का दौर चल रहा है। इन बैठकों में प्रत्याशियों के पक्ष में समर्थन जुटाने, दूसरे खेमों से संपर्क साधने और संभावित गठजोड़ पर चर्चा हो रही है। चुनाव से पहले क्षेत्रीय समीकरणों को अपने पक्ष में करने के लिए हर खेमा पूरी ताकत लगा रहा है। हालांकि, अंतिम समय में किस लॉबी का समर्थन किस प्रत्याशी को मिलेगा, इसकी तस्वीर अभी साफ नहीं है। उपाध्यक्ष पर सात प्रत्याशी, दो छात्राओं की दावेदारी भी अहम उपाध्यक्ष पद पर सात प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। इनमें गाजीपुर, पूर्वी यूपी और स्थानीय लॉबी के दावेदार शामिल हैं। खास बात यह है कि इस बार इस पद पर दो छात्राएं भी मैदान में हैं। नशरा नईम और इरफा खान की उम्मीदवारी को लेकर भी कैंपस में चर्चा है। छात्राओं के बीच दोनों प्रत्याशियों का प्रचार जारी है। मानद सचिव पद पर तीन प्रत्याशी हैं। इनमें दो स्थानीय लॉबी से और एक आजमगढ़ क्षेत्र से है। इस पद पर भी मुकाबले के अपने क्षेत्रीय समीकरण हैं। कैबिनेट और यूनिवर्सिटी कोर्ट के प्रत्याशियों ने भी अपने-अपने संकायों में प्रचार की कमान संभाल रखी है। हाथ से बने पोस्टर-बैनरों से सजा कैंपस चुनाव प्रचार में विश्वविद्यालय के नियमों के कारण इस बार प्रचार सामग्री का अंदाज भी अलग है। प्रिंटिंग मशीन से छपे पोस्टर और बैनर लगाने की अनुमति नहीं है। ऐसे में प्रत्याशियों के समर्थक हाथ से लिखे और तैयार किए गए पोस्टर, बैनर तथा पंपलेट का इस्तेमाल कर रहे हैं। कैंपस में जगह-जगह पेड़ों, पोल और प्रचार के लिए निर्धारित स्थानों पर यह सामग्री दिखाई दे रही है। छात्र समूहों में पर्चे बांटकर और व्यक्तिगत संपर्क के जरिये भी मतदाताओं को साध रहे हैं। आठ साल बाद चुनाव, इसलिए हर खेमे ने झोंकी पूरी ताकत एएमयू में पिछला छात्रसंघ चुनाव 2018-19 सत्र में हुआ था। इसके बाद छात्रसंघ चुनाव नहीं हुए। इस बार चुनाव की घोषणा भी करीब 19 दिन चले छात्र आंदोलन के बाद हुई। ऐसे में लंबे अंतराल के बाद लौटे चुनाव को लेकर छात्रों में खासा उत्साह है। अब चुनावी प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंचने के साथ ही प्रत्याशियों और उनके समर्थकों ने कोई कसर नहीं छोड़ी है। प्रचार, संपर्क, बैठकों और क्षेत्रीय खेमेबंदी के बीच पूरा कैंपस चुनावी गतिविधियों में व्यस्त है। इधर, एएमयू इंतजामिया और चुनाव टीम भी प्रचार गतिविधियों पर निगरानी रखे हुए हैं, ताकि किसी तरह का विवाद या टकराव न हो और मतदान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जा सके। तीन नवंबर को प्रत्याशियों के अंतिम भाषण होंगे और पांच नवंबर को मतदान कराया जाएगा। इसी दिन शाम छह बजे से मतगणना शुरू होगी। फैक्ट फाइल: मुख्य छात्रसंघ चुनाव की अंतिम तस्वीर पद योग्य प्रत्याशी अध्यक्ष 9 उपाध्यक्ष 7 मानद सचिव 3 कैबिनेट सदस्य 46 अध्यक्ष पद पर एक प्रत्याशी ने नाम वापस लिया और जांच में एक प्रत्याशी अयोग्य पाया गया। कैबिनेट सदस्य पद पर सात प्रत्याशियों के नामांकन अयोग्य पाए गए। यूनिवर्सिटी कोर्ट की सदस्यता के लिए अलग-अलग संकायों से 68 प्रत्याशी योग्य पाए गए। चार ने नाम वापस लिया और चार अयोग्य घोषित हुए। -प्रो.जावेद तालिब, निर्वाचन अधिकारी अध्यक्ष पद के नौ दावेदार मोहम्मद जुहैर अहमद आमिना इरशाद मोहम्मद इंतिखाब अब्दुल वहीद मोहम्मद नोमान अशरफ शरजील इकबाल साहिल खान शरजील मोहम्मद खान असमर फरीदी उपाध्यक्ष पद के सात दावेदार मोहम्मद सादान सैयद अयान अहमद अशफाक हुसैन एमन हफीज खान नशरा नईम साकिब अली खान इरफा खान मानद सचिव पद के तीन दावेदार अहमद फराज राजी मोहम्मद हमदान मोहम्मद ओवैस महिला कॉलेज छात्रसंघ की तस्वीर महिला कॉलेज छात्रसंघ की मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रो. नाजिया हसन के मुताबिक जांच के बाद अध्यक्ष पद पर छह, उपाध्यक्ष पर चार, सचिव पद पर पांच और कैबिनेट सदस्य पद पर 18 प्रत्याशी योग्य पाए गए। कुल 38 नामांकन में से 33 को योग्य पाया गया। अध्यक्ष पद की छह दावेदार आयशा जमाल तहूरा शकील अनम रियाज तमन्ना मुजफ्फर मरियम नाज रुकैय्या खान उपाध्यक्ष पद की चार दावेदार आयशा खान सानिया सिराज मरियम फातिमा शमा फातिमा सचिव पद की पांच दावेदार जोया रहमान मरियम जान सानिया खान रुकैया खातून जैनब यूनिवर्सिटी कोर्ट में संकायवार दावेदार संकाय योग्य प्रत्याशी चिकित्सा 5 जीव विज्ञान 3 यूनानी चिकित्सा 7 वाणिज्य 6 विज्ञान 5 कला 8 प्रबंधन अध्ययन एवं अंतरराष्ट्रीय अध्ययन 6 कृषि विज्ञान एवं धर्मशास्त्र 4 इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी 7 विधि 4 सामाजिक विज्ञान 13 कुल 68 चुनाव का कार्यक्रम 3 नवंबर: यूनियन हॉल टेरेस से अध्यक्ष पद के प्रत्याशियों के अंतिम भाषण। 5 नवंबर: मतदान। 5 नवंबर, शाम 6 बजे: मतगणना शुरू होगी। सभी मतों की गिनती पूरी होने के बाद परिणाम घोषित होंगे।
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