politics
कीचड़ में खड़े होकर स्कूली बच्चों ने मांगी पक्की सड़क:झांसी में परिजनों ने जिलाधिकारी को दिया ज्ञापन, बोले-तीन महीने से बच्चे पढ़ने नहीं जा पा रहे
झांसी की मऊरानीपुर तहसील के ग्राम मेलोनी के कछियाना खिरक मोहल्ले में बारिश के बाद करीब ढाई किलोमीटर कच्चा रास्ता कीचड़ और गहरे गड्ढों में बदल गया है। छोटे बच्चे करीब तीन महीने से स्कूल नहीं जा पा रहे हैं। सोमवार को दर्जनों ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर गांव तक पक्की सड़क बनवाने की मांग की। बच्चों ने भी अपनी परेशानी बताते हुए मुख्यमंत्री से पक्की सड़क बनवाने की गुहार लगाई। पहले 2 तस्वीर देखिए... बारिश में रास्ता बन जाता है दलदल ग्रामीण दीपेंद्र कुशवाहा ने बताया कि कछियाना मोहल्ला बसने के बाद से ही यहां पक्की सड़क नहीं बनी है। करीब ढाई किलोमीटर का रास्ता कच्चा है। बारिश के बाद जगह-जगह पानी भर गया है और गहरे गड्ढे हो गए हैं। इस रास्ते से मरीज, बुजुर्ग और स्कूली बच्चे आते-जाते हैं। कीचड़ और पानी के कारण लोगों को काफी परेशानी हो रही है। बच्चों ने कहा- पक्की सड़क बनवा दीजिए मोहल्ले के छोटे बच्चों ने अपनी परेशानी मुख्यमंत्री तक पहुंचाने की अपील की है। बच्चों का कहना है कि बारिश में स्कूल जाने के लिए उन्हें कीचड़ और पानी से होकर गुजरना पड़ता है। रास्ता खराब होने के कारण वे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं। दसवीं की छात्रा नैंसी कुशवाहा ने कहा कि इस बार उसके बोर्ड एग्जाम हैं लेकिन स्कूल तक जाने वाली सड़क खराब होने के चलते वह तीन महीने से स्कूल नहीं जा पा रही तो फिर कैसे पढ़ाई होगी। नेताओं पर भड़के ग्रामीण सड़क निर्माण की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे ग्रामीणों ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों के प्रति भी नाराजगी जताई। ग्रामीणों ने कहा कि करीब 500 परिवारों की रोजमर्रा की जरूरत वाली सड़क के लिए वे प्रधान से लेकर विधायक, सांसद और मंत्रियों तक से कई बार मांग कर चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। ग्रामीणों का आरोप है कि जनप्रतिनिधि चुनाव के समय वोट मांगने आते हैं, लेकिन चुनाव के बाद उनकी समस्याओं की ओर ध्यान नहीं देते। उनका कहना है कि सड़क की समस्या वर्षों से बनी हुई है और हर बारिश में लोगों की परेशानी और बढ़ जाती है। पांच सौ परिवारों के लिए रोज की परेशानी ग्रामीणों के मुताबिक कच्चे रास्ते का इस्तेमाल करीब 500 परिवार करते हैं। बारिश में रास्ता खराब होने से सिर्फ स्कूली बच्चों को ही नहीं, बल्कि मरीजों, बुजुर्गों और रोज काम के लिए आने-जाने वाले लोगों को भी परेशानी होती है। ग्रामीणों ने डीएम से जल्द सड़क निर्माण कराए जाने की मांग की है।
Read full article on Bhaskar