politics
Rajasthan Cabinet Meeting: यूसीसी बिल से लेकर प्रमोशन तक...राजस्थान कैबिनेट की बैठक में कौन-कौन से फैसले लिए गए?
Rajasthan Cabinet Meeting: आज गुरुवार (13 अगस्त, 2026) को जयपुर में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई. जिसमें कई फैसले लिए गए. इसमें यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) बिल, पर्यावरण संरक्षण, जलापूर्ति, रोजगार और प्रमोशन से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए. बैठक खत्म होने के बाद डिप्टी सीएम डॉ. प्रेमचंद बैरवा, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल, उद्योग राज्य मंत्री के.के.बिश्नोई और जलदाय मंत्री कन्हैया लाल चौधरी ने मीडिया को इन फैसलों के बारे में जानकारी दी. मंत्री जोगाराम पटेल ने जानकारी देते हुए बताया कि कैबिनेट ने यूसीसी बिल को मंजूरी दी है, जिससे एक देश-एक कानून का कॉन्सेप्ट पूरा होता है. यूसीसी बिल में क्या प्रावधान है? यूसीसी बिल में शादी, तलाक, विरासत, भरण-पोषण और लिव-इन रिलेशनशिप से जुड़े प्रावधान शामिल हैं. संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल के अनुसार, यह कानून आदिवासी समुदायों या अनुसूचित जनजातियों पर लागू नहीं होगा. एक से ज्यादा शादियां करने पर रोक होगी. शादी और तलाक का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य होगा. पिता को भी विरासत का अधिकार मिलेगा और लिव-इन-रिलेशनशिप से पैदा हुए बच्चों को भी अधिकार दिए जाएंगे. 60 दिनों के भीतर करना होगा रजिस्ट्रेशन इसके अलावा, जानकारी के लिए बता दें कि यूसीसी कानून लागू होने के बाद सभी शादियों का 60 दिनों के भीतर रजिस्ट्रेशन अनिवार्य होगा. दोनों पक्षों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए लिव-इन रिलेशनशिप की शुरुआत और समाप्ति की लिखित सूचना या रजिस्ट्रेशन का प्रावधान किया गया है. रजिस्ट्रेशन न कराने पर 10 हजार रुपये तक का जुर्माना लग सकता है, जबकि इससे जुड़े नोटिस को नजरअंदाज करने पर 25 हजार रुपये तक का जुर्माना हो सकता है. यह भी पढ़ें – Rajasthan: 10 बीघा खेत में मांगीलाल ने गाड़े थे 5 लाख रुपये, खोजने पर भूला जगह; सालभर बाद दीमक ने खत्म कर दी जमा-पूंजी कर्मचारियों के प्रमोशन पर लिया फैसला राज्य कर्मचारियों को समय पर प्रमोशन देने के लिए सरकार ने पहले अनिवार्य अनुभव की शर्त में दो साल की छूट दी थी. हालांकि, कुछ कारणों से कुछ विभागों के कर्मचारी इस फायदे का लाभ नहीं उठा पाए थे. इस साल बजट में जरूरत के आधार पर ऐसे कैडर के लिए जरूरी अनुभव में और छूट देने की घोषणा की गई थी. आज की कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया कि जिन कर्मचारियों को 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के दौरान यह फायदा मिल चुका है, उन्हें 2026-27 में प्रमोशन के लिए अनुभव की शर्त में दो साल की छूट दी जाएगी. ऐसा करने के लिए अलग-अलग सर्विस नियमों में बदलाव करके दो साल की सशर्त छूट का प्रावधान किया जाएगा. इस बदलाव से उन पदों को भरने में मदद मिलेगी जो जरूरी अनुभव न होने के कारण खाली रह जाते हैं, जिससे कर्मचारियों का मनोबल बढ़ेगा. राजस्थान कैबिनेट में और कौन-कौन से फैसले लिए गए? राजस्थान कैबिनेट की बैठक में अनुकंपा से जुड़े नियमों में बदलाव करने के फैसले लिए गए है. जिसके अनुसार, अब मृत सरकारी कर्मचारी की पुत्रवधू को भी अनुकंपा पर नौकरी मिल सकती है. राजस्थान सेवा नियम, 1951 में 3 संशोधनों के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है. सिंगल महिला राज्य कर्मचारियों को चाइल्ड केयर लीव एक कैलेंडर वर्ष में 3 के स्थान पर 6 चरणों में स्वीकृत की जाएगी. यह भी पढ़ें – NEET UG Counselling 2026: पसंदीदा मेडिकल कॉलेज चुनने का मौका, केरल से पंजाब तक जानें किस राज्य में क्या हुआ
Read full article on Inkhabar