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सस्ता सोने का झांसा देकर लूट करने वाले गिरफ्तार:प्रयागराज में एक दिन पहले सराफ से 18 लाख लूटे थे, 3 को जेल, सरगना की तलाश
प्रयागराज के नवाबगंज में सस्ते दाम पर सोना बेचने का झांसा देकर व्यापारियों से रकम ऐंठने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। नवाबगंज पुलिस और एसओजी/सर्विलांस सेल गंगानगर की संयुक्त टीम ने गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से लूटे गए 11 लाख रुपये, .315 बोर का तमंचा, चार कारतूस, नकली जेवरात और घटना में इस्तेमाल दो कारें बरामद हुई हैं। गिरोह का सरगना जुबैर अहमद और एक अन्य आरोपी राजन दुबे अभी फरार हैं। 18 लाख रुपये लेकर बुलाया, तमंचा दिखाकर लूटा पुलिस के मुताबिक लालगोपालगंज के दनियालपुर निवासी व्यवसायी पंकज कुमार अग्रवाल को एक दिन पहले जुबैर अहमद ने सस्ते दाम पर सोना उपलब्ध कराने का झांसा दिया था। जुबैर ने विश्वास में लेकर उसे सोना खरीदने के लिए 18 लाख रुपये लेकर 19 अगस्त को रामवनगमन पथ पर बिहरिया के पास बुलाया। आरोप है कि जुबैर व्यवसायी को सड़क के दूसरी तरफ खड़ी बलेनो कार में बैठाकर ले गया। इसी दौरान सामने से एक स्विफ्ट डिजायर कार पहुंची। इसमें सवार संदीप यादव, नागर गौतम और राजन दुबे बाहर निकले और तमंचा दिखाकर व्यवसायी को धमकाने लगे। बदमाशों ने उससे रुपये छोड़कर भाग जाने को कहा। जान बचाने के लिए व्यवसायी 18 लाख रुपये वहीं छोड़कर भाग गया। 25 अगस्त को दर्ज हुआ मुकदमा घटना के संबंध में पंकज कुमार अग्रवाल की तहरीर पर नवाबगंज थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई टीमें गठित कीं। जांच के दौरान पुलिस को आरोपियों के बारे में अहम सुराग मिले। हाईवे के अंडरपास के पास दबोचे गए पुलिस ने बुधवार 26 अगस्त को नवाबगंज क्षेत्र में गढ़वा खैराजपुर स्थित कानपुर-वाराणसी हाईवे के अंडरपास के पास से फैसल, संदीप यादव और नागर गौतम को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी में इनके पास से लूट के 11 लाख रुपये, .315 बोर का तमंचा और चार कारतूस मिले। इसके अलावा ठगी में इस्तेमाल नकली आभूषण, बलेनो और स्विफ्ट डिजायर कार भी बरामद की गई। पांच सदस्यों का गिरोह, सरगना जुबैर पूछताछ में पुलिस के अनुसार आरोपियों ने बताया कि गिरोह में कुल पांच सदस्य हैं और इसका सरगना जुबैर अहमद है। गिरोह के सदस्य कारोबारियों को सस्ते दाम पर सोना-जेवरात दिलाने का लालच देकर अपने जाल में फंसाते थे। व्यवसायी से रुपये लेकर उसे किसी सुनसान स्थान पर बुलाया जाता था। वहां गिरोह के दूसरे सदस्य पहुंचकर तमंचा दिखाते और जान से मारने की धमकी देकर रुपये छीन लेते थे। पुलिस के मुताबिक घटना के दौरान सरगना जुबैर भी खुद को गिरोह के दूसरे सदस्यों से धमकवाकर पीड़ित के सामने निर्दोष दिखाने की कोशिश करता था। बाद में सभी सदस्य लूटी गई रकम आपस में बांट लेते थे। पहले भी दर्ज हैं मुकदमे गिरफ्तार आरोपियों में फैसल के खिलाफ नवाबगंज थाने में 2021 में हत्या और धमकी से संबंधित मुकदमा दर्ज है। संदीप यादव के खिलाफ प्रतापगढ़ के हथिगवां थाने में 2025 में मुकदमा दर्ज हुआ था। नागर गौतम के खिलाफ भी कुंडा थाने में 2026 में मारपीट और धमकी से संबंधित मुकदमा दर्ज है। डीसीपी गंगानगर कुलदीप सिंह गुनावत ने बताय कि पुलिस अब गिरोह के सरगना जुबैर अहमद और राजन दुबे की तलाश में दबिश दे रही है।
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