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आचार संहिता से पहले होगा इलेक्ट्रिक बसों का ट्रायल:4 सीटें महिलाओं के लिए रहेंगी रिजर्व; देखिए-कैसी दिखती है जोधपुर की पहली बस
जोधपुर में जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू होगा। पहले चरण में पांच बसें जोधपुर को मिली हैं। नगर निगम के गैराज में इन बसों को तैयार किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि आचार संहिता से पहले शहर में इन बसों का ट्रायल होगा। निगम गैराज में ही इन बसों के चार्जिंग स्टेशन तैयार किए जा रहे हैं, जहां एक साथ 40 बसों को चार्ज किया जा सकेगा। खास बात यह है कि इनमें चार सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित (रिजर्व) रहेंगी। इन चार सीटों को गुलाबी रंग में तैयार किया गया है। तस्वीरों में देखिए अंदर का नजारा: कितनी शानदार हैं जोधपुर की ये नई इलेक्ट्रिक बसें बसों में लगे सीसीटीवी कैमरा, डिस्प्ले बोर्ड बताएगा अगला स्टेशन कौनसा इन बसों में यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा दोनों का ध्यान रखा गया है। यात्रियों की सुरक्षा के लिए बसों में सीसीटीवी कैमरा लगा रखे है। इसके साथ ही आगजनी जैसी घटनाओं से निपटने के लिए भी फायर सेफ्टी सिस्टम और बस के बाहर इमरजेंसी बटन लगा है। इसके साथ ही डिस्प्ले बोर्ड भी लगाया गया है। जहां यात्रियों को ये पता चल पाएगा कि बस का अगला स्टॉपेज कहां पर होगा। 9 मीटर लंबी है बस, 36 यात्रियों की क्षमता 9 मीटर लंबी इस बस में 25 सीटें होंगी, जबकि इसकी कुल क्षमता (कैपेसिटी) लगभग 36 यात्रियों की है। इनमें 2 सीटें खास तौर पर दिव्यांगों के लिए भी तैयार की गई हैं। वहीं दो सीटें गर्भवती महिला और बुजुर्गों के लिए भी है। इन बसों के संचालन के लिए 100 ड्राइवर कंपनी की ओर से नियुक्त किए जाएंगे। हालांकि इन पांच बसों के लिए अलग से ड्राइवर भी आ चुके है। वहीं कंडक्टरों की भर्ती और रेवेन्यू कलेक्शन (राजस्व संग्रह) का काम नगर निगम अपने स्तर पर करेगा। इसके लिए करीब 235 कंडक्टरों की भर्ती होगी। 180 किलोवॉट के चार्जिंग स्टेशन बने नगर निगम के गैराज में 20 चार्जिंग स्टेशन तैयार किए जा रहे है। एक चार्जिंग स्टेशन बुधवार तक तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है। यहां 180 किलोवॉट के फास्ट चार्जिंग स्टेशन लगाए जाएंगे। यहां एक साथ 40 बसें एक साथ चार्ज हो सकेगी। दावा किया जा रहा है कि एक बस 1 घंटा 20 मिनट में फुल चार्ज हो जाएगी। एक बार चार्ज करने पर बस 200 किलोमीटर से ज्यादा चल सकेगी। जल्द तय होगा किराया किराया प्रति किलोमीटर के हिसाब से तय किया जाएगा। हालांकि, यह किराया कितना होगा, यह कमेटी तय करेगी। वहीं, इन बसों में रोजाना सफर करने वाले शहरवासियों के लिए मासिक (मंथली) और सालाना पास भी बनेंगे। इन पास की भी अलग-अलग कैटेगरी होगी, जिसे कमेटी द्वारा तय किया जाएगा।
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