politics
अकीदत के साथ निकला जुलूस-ए-मोहम्मदी:पैगंबर साहब के यौम-ए-पैदाइश पर मुल्क में अमन की दुआ मांगी गई
जबलपुर में पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के यौम-ए-पैदाइश के अवसर पर भव्य जुलूस-ए-मोहम्मदी निकाला गया। इस दौरान शहर में गंगा-जमुनी तहजीब की झलक देखने को मिली, जिसमें मुस्लिम समुदाय के साथ-साथ अन्य वर्गों के लोगों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया। जुलूस के पूरे मार्ग में जगह-जगह लंगर का आयोजन किया गया, जिसने आपसी सौहार्द और सेवा भावना का संदेश दिया। यह जुलूस दोपहर 3 बजे से शहर के बड़ी ओमती, छोटी ओमती, मदार टेकरी, मदार छला, चार खंभा, अधारताल और रद्दी चौकी सहित विभिन्न इलाकों से निकला। जुलूस अत्यंत शांतिपूर्ण और अनुशासित माहौल में संपन्न हुआ, जिसमें आपसी भाईचारे का संदेश स्पष्ट था। जुलूस का समापन शाम 6 बजे अंजुमन इस्लामिया स्कूल, सिविक सेंटर में हुआ। इस दौरान धर्मगुरुओं और अकीदतमंदों ने देश की तरक्की, खुशहाली और राष्ट्रीय एकता के लिए विशेष दुआएं मांगीं। सभी ने देश में शांति और आपसी सौहार्द बनाए रखने की कामना की। इस अवसर पर मौलाना मुफ्ती आजम मध्य प्रदेश महमूद अहमद कादरी ने पूरी इंसानियत को मुबारकबाद दी। उन्होंने पैगंबर साहब की शिक्षाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने कमजोर वर्ग के लोगों को उनका वास्तविक हक और सम्मान दिलवाया। मौलाना कादरी ने संदेश दिया कि पैगंबर साहब की सीख पूरी मानवता के लिए कल्याणकारी है और हमें उनके दिखाए रास्ते पर चलकर समाज के हर जरूरतमंद की मदद करनी चाहिए। मौलाना कादरी ने देशवासियों को भाईचारे का संदेश देते हुए कहा कि सभी मिलकर यह दुआ करते हैं कि पूरे मुल्क में हमेशा अमन, चैन और मोहब्बत बनी रहे। जबलपुर से निकला यह जुलूस न केवल एक धार्मिक आयोजन था, बल्कि इसने शहर की पुरानी परंपरा और साझा संस्कृति को और मजबूत किया।
Read full article on Bhaskar